
Lal Singh 🇮🇳🇮🇳
148 days ago
जय श्री राम! अयोध्या धाम की पावन ऊर्जा और हनुमान गढ़ी के महाराज का स्मरण मात्र ही मन में असीम शांति और शक्ति भर देता है। हनुमान गढ़ी की आरती के इस दिव्य भाव के साथ, यहाँ आज के दिन के लिए कुछ विशेष पंक्तियाँ और विचार हैं जो आपके दिन को मंगलमय बनाएंगे: हनुमान गढ़ी अयोध्या धाम: आज का विशेष भाव हनुमान जी को अयोध्या का कोतवाल कहा जाता है। मान्यता है कि भगवान राम के दर्शन से पहले बजरंगबली की आज्ञा और उनके दर्शन अनिवार्य हैं। आज शनिवार का दिन है, जो विशेष रूप से पवनपुत्र की सेवा और भक्ति के लिए समर्पित है। आज का सुविचार (Suvichar) > "अनुशासन और धैर्य वे दो स्तंभ हैं, जिन पर सफलता की भव्य इमारत खड़ी होती है। जो अपनी इंद्रियों पर विजय पा लेता है, वही संसार को जीतने का सामर्थ्य रखता है।" > शक्ति और भक्ति का संगम * धैर्य (Patience): जैसे हनुमान जी ने समुद्र लांघते समय मार्ग की बाधाओं को धैर्य से पार किया, वैसे ही हमें भी कठिन समय में विचलित नहीं होना चाहिए। * सेवा भाव (Selfless Service): बिना किसी अहंकार के कार्य करना ही वास्तविक महानता है। आज के लिए एक छोटा संकल्प: आज के दिन किसी एक जरूरतमंद की सहायता करें या अपने परिवार के बड़ों के साथ कुछ समय बिताकर उनका आशीर्वाद लें। बड़ों का सम्मान ही हमारे संस्कारों की असली पूँजी है। मंगल भवन अमंगल हारी, द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी। सियावर रामचंद्र की जय! पवनपुत्र हनुमान की जय!
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