
SHREE SHARMA
421 days ago
मम गुन ग्राम नाम रत गत ममता मद मोह। ता कर सुख सोइ जानइ परानंद संदोह॥ भगवान कहते है कि जो मेरे गुण समूहों के और मेरे नाम के परायण है, एवं ममता, मद और मोह से रहित है, उसका सुख वही जानता है, जो (परमात्मारूप) परमानन्दराशि को प्राप्त है, अर्थात जिसे प्रभु के चरणों से वास्तविक प्रेम है असली भक्ति के सुख को वही जान सकता है... जय सियाराम 🙏

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