
Lal Singh 🇮🇳🇮🇳
185 days ago
जय श्री राम! हनुमान गढ़ी, अयोध्या धाम के राजा, संकट मोचन हनुमान जी महाराज की आज २६ फरवरी २०२६ की मंगलकारी आरती और श्रृंगार का स्मरण करना ही अत्यंत पुण्यदायी है। अयोध्या की परंपरा में हनुमान जी को नगर का कोतवाल माना जाता है, और भगवान राम के दर्शन से पूर्व उनके दर्शन की प्रधानता है। आज की मंगला श्रृंगार आरती का आध्यात्मिक महत्व हनुमान गढ़ी में प्रातः काल की आरती एक दिव्य अनुभव होती है। आज के विशेष दर्शनों का भाव कुछ इस प्रकार है: * दिव्य श्रृंगार: बजरंगबली को आज विशेष सिंदूरी लेपन के साथ स्वर्ण और रजत के आभूषणों से सुसज्जित किया गया है। उनके मस्तक पर सुशोभित मुकुट और हृदय पर सुवर्ण की माला उनकी राजसी छवि को दर्शाती है। * पुष्प सेवा: गेंदे और गुलाब के ताजे सुगंधित पुष्पों से महाराज का विग्रह महक रहा है। * आरती का आनंद: मंगल बेला में कपूर और घी के दीपों की लौ में हनुमान जी का विग्रह भक्तों के कष्ट हरने वाला और सुख प्रदान करने वाला प्रतीत होता है। हनुमान गढ़ी की महिमा > "कवन सो काज कठिन जग माहीं। जो नहिं होइ तात तुम्ह पाहीं।।" > अयोध्या धाम में स्थित यह स्थान मात्र मंदिर नहीं, बल्कि आस्था का वह केंद्र है जहाँ स्वयं हनुमान जी वास करते हैं। आज की आरती का यह मानसिक स्मरण आपके दिन को सकारात्मक ऊर्जा और शक्ति से भर दे।
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