
Lal Singh 🇮🇳🇮🇳
58 days ago
_कलियुग की सच्चाई_ — ये चार लाइनें आज के दौर का आईना हैं। *घर बड़े हो गए, पर दिल छोटे हो गए।* पहले 2 कमरे में 10 लोग खुश रहते थे। अब 10 कमरे में 2 लोग भी अकेले लगते हैं। *रिश्ते ऑनलाइन हो गए, पर अपने ऑफलाइन हो गए।* WhatsApp पर 500 कॉन्टैक्ट, पर शाम को चाय पीने घर कोई नहीं आता। *मोबाइल हाथों में आ गए, पर संस्कार हाथ से निकल गए।* बच्चे फोन चलाना जन्म से जानते हैं, पर पैर छूना भूल गए। *भोजन प्लेटों में सज गया, पर माँ के हाथों का स्वाद खो गया।* Zomato से 30 मिनट में खाना आ जाता है, पर माँ के हाथ की रोटी का वो प्यार कहाँ। कड़वा है, पर सच है। कलियुग मतलब सुविधा तो बढ़ी, पर सुकून कम हो गया।

Comments (1)

सविता
Jul 4, 2026
Right 👍
