
Ramesh chand
2 days ago
शुभ रात्रि, सभी भक्तों को श्री कृष्ण जन्माष्टमी की अग्रिम शुभकामनायें 🙏

Comments (4)

Lal Singh 🇮🇳🇮🇳
Sep 4, 2026
जय श्री कृष्णा जी 🙏 सुप्रभात जी 🙏 जन्मआष्ट्मी की हार्दिक शुभकामनाएं जी 🙏 जय माता दी 🙏

Ramesh chand
Sep 3, 2026
❤️आप और आपके परिवार को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की ढेर सारी शुभकामनायें 🌹🙏

Ramesh chand
Sep 3, 2026
धन्यवाद ज़ी इतनी ज्ञान वर्धक जानकारी के लिए बहन ज़ी 🙏

Rama Devi Sahu
Sep 3, 2026
अक्सर हमारे मन में यह गहरा सवाल उठता है कि सर्वप्रथम किस ब्रह्मांड की रचना हुई? आइए जानते हैं शास्त्रों के अनुसार इसका अद्भुत रहस्य! ✨ भगवान श्रीकृष्ण के तीन मुख्य पुरुषावतार हैं, जिनमें सर्वप्रथम कारणोदकशायी विष्णु (महा-विष्णु) हैं। 🔹 महा-विष्णु का दिव्य स्थान: वे ब्रह्मांड के सातों आवरणों से बाहर 'विरजा सरोवर' के ऊपर स्थित रहते हैं। 🔹 अनंत ब्रह्मांडों की उत्पत्ति: जब वे श्वास छोड़ते हैं, तो उनके रोम छिद्रों से अनंत ब्रह्मांड निकलते हैं और जब वे श्वास अंदर लेते हैं, तो वे सभी ब्रह्मांड पुनः उन्हीं में लीन हो जाते हैं। 🔹 प्रथम या अंतिम का रहस्य: चूँकि ब्रह्मांड अनंत हैं और उनका प्रकट होना व लीन होना एक निरंतर प्रक्रिया है, इसलिए यह बताना बिल्कुल असंभव है कि कौन सा ब्रह्मांड प्रथम है और कौन सा सबसे आखिरी! 🌌 परमात्मा हर प्रकार से अनंत हैं। उनके स्वरूप, उनके कर्म और उनके अवतार सब कुछ अनंत हैं। मूर्तिमान ज्ञान वाले भगवान संकर्षण, भगवान शिव और स्वयं ब्रह्मा जी भी भगवान श्रीकृष्ण की महिमा का पूर्ण वर्णन नहीं कर सकते। इसीलिए तो हमारे महापुरुष गाते हैं: 🙏🌺"हरि अनंत हरि कथा अनंता"🌺🙏
