MyMandirInstall

॥श्री गणेंशाय नमः॥ गाइये गनपति जगवंदन। संकर-सुवन भवानी-नंदन॥ सिद्धि-सदन, गज-वदन, विनायक। कृपा-सिंधु, सुन्दर, सब लायक॥ मोदक-प्रिय, मुद-मंगल-दाता। बिद्या-बारिधि, बुद्धि-बिधाता॥ माँगत तुलसिदास कर जोरे। बसहिं रामसिय मानस मोरे॥ 🌹॥जय श्री गणेंश॥🌹

Post media

Comments (1)

Pannalal Chouhan

Pannalal Chouhan

Nov 5, 2025

जय जय श्री गणेश गजानंद जी भगवान