
Lal Singh 🇮🇳🇮🇳
138 days ago
जय श्री राम! आज 15 अप्रैल 2026 के इस मंगलमय अवसर पर अयोध्या धाम में प्रभु श्री राम लला सरकार की प्रातः कालीन श्रृंगार आरती के दर्शन और स्मरण मात्र से ही मन में अपार शांति और सात्विकता का संचार होता है। राम जन्मभूमि की यह पावन परंपरा हमें अपनी जड़ों और संस्कृति से जोड़ती है। यहाँ आज की मंगल आरती का संक्षिप्त विवरण और भाव दिया गया है: ### **प्रातः कालीन श्रृंगार आरती: मुख्य दर्शन** * **दिव्य श्रृंगार:** प्रभु राम लला को आज विशेष रेशमी वस्त्रों और स्वर्ण जड़ित आभूषणों से सुसज्जित किया गया है। उनके मस्तक पर तिलक और गले में ताजे पुष्पों की माला उनकी मंद मुस्कान को और भी मनमोहक बना रही है। * **आरती का वातावरण:** शंखध्वनि, घंटों की गूँज और वैदिक मंत्रोच्चार के बीच जब घी के दीपों की लौ जगमगाती है, तो संपूर्ण गर्भगृह अलौकिक तेज से भर जाता है। * **मुख्य संदेश:** यह आरती केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि अनुशासन, मर्यादा और अटूट श्रद्धा का प्रतीक है, जो हमें दिन की शुरुआत सकारात्मक ऊर्जा के साथ करने की प्रेरणा देती है। ### **आज के लिए सुविचार** > **"जाकी रही भावना जैसी, प्रभु मूरत देखी तिन तैसी।"** > अर्थात्, जिसकी जैसी भावना होती है, उसे ईश्वर का स्वरूप वैसा ही दिखाई देता है। यदि हम अपने हृदय में परोपकार और सत्य का भाव रखें, तो प्रभु का आशीर्वाद सदैव हमारे साथ रहता है। **मंगल कामना:** प्रभु राम जी लला आपके जीवन में सुख, शांति और उत्तम स्वास्थ्य का वरदान दें। आपकी मेहनत और निष्ठा का फल आपको प्राप्त हो और आपका दिन मंगलमय हो। **जय सियाराम!**
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