
Lal Singh 🇮🇳🇮🇳
161 days ago
जय माता दी! 🙏 शुभ प्रभात! आपका आज का दिन मंगलमय और ऊर्जा से भरपूर हो। माँ कुष्माण्डा और भगवान सूर्य नारायण की कृपा आप पर सदा बनी रहे। चूंकि आज विनायक चतुर्थी का पावन अवसर भी है, तो भगवान गणेश आपके जीवन के सभी विघ्नों को हर लें। आज का सुविचार > "जैसे सूर्य अपनी किरणों से अंधकार को मिटा देता है, वैसे ही सकारात्मक विचार और अटूट विश्वास हमारे जीवन की कठिन से कठिन बाधाओं को दूर कर देते हैं।" > आज की प्रेरणा: अपनी मुस्कुराहट को अपना अस्त्र बनाइए और अपने कर्म को अपनी प्रार्थना। जब मन में माँ कुष्माण्डा जैसी सृजन शक्ति और सूर्य जैसी स्पष्टता होती है, तो सफलता अपने आप कदम चूमती है। और साथ ही विनायक चतुर्थी का सुंदर संयोग भी है। माँ कुष्माण्डा और भगवान गणेश की कृपा पाने के लिए आप आज इन मंत्रों का स्मरण कर सकते हैं: आज के विशेष मंत्र १. माँ कुष्माण्डा के लिए: > "सुरासम्पूर्णकलशं रुधिराप्लुतमेव च। दधाना हस्तपद्माभ्यां कुष्माण्डा शुभदास्तु मे॥" > (अर्थ: अमृत से भरे कलश को धारण करने वाली माँ कुष्माण्डा हमारे लिए शुभदायी हों।) > २. भगवान गणेश के लिए: > "वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ। निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा॥" > (अर्थ: हे विशाल शरीर वाले, करोड़ों सूर्यों के समान तेज वाले गणेश जी, मेरे सभी कार्यों को हमेशा निर्विघ्न पूरा करें।) > एक छोटी सी प्रेरणादायक कथा शास्त्रों के अनुसार, जब सृष्टि में केवल अंधकार था, तब माँ कुष्माण्डा ने अपनी मंद मुस्कान (ईषत् हँसी) से ब्रह्मांड की रचना की थी। इसीलिए उन्हें आदिस्वरूपा कहा जाता है। आज का विशेष सुझाव: चूंकि आज शनिवार भी है और सूर्य देव की उपासना का भी भाव है, तो संभव हो तो आज किसी जरूरतमंद को फल या अन्न का दान करें। यह दान माँ की कृपा और आपके आंतरिक संतोष को बढ़ाएगा।
Comments (0)
No comments yet. Be the first to comment!
