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*जय जगन्नाथ जी 🙏🚩* *मेरी नैया के खेवनहार, श्री जगन्नाथ जी* 🌊 _“जो जगत के नाथ हैं, वही मेरे भी नाथ हैं”_ *श्री जगन्नाथ जी का अर्थ* *जगत + नाथ = जगन्नाथ* अर्थात पूरे संसार के स्वामी। जो सबकी नैया पार लगाते हैं। ओडिशा के पुरी में विराजमान भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और बहन सुभद्रा के साथ कलियुग के सबसे दयालु देवता माने जाते हैं। यहां जात-पात का भेद नहीं, सबको प्रसाद मिलता है - इसे "महाप्रसाद" कहते हैं। *एक सुंदर भाव* _तूफान में भी जो डगमगाए नहीं,_ _वो हाथ है श्री जगन्नाथ का।_ _भवसागर से जो पार लगाए,_ _वो नाम है श्री जगन्नाथ का।_ *आज का आशीर्वाद* हे प्रभु जगन्नाथ जी, आप हमारी नैया के खेवनहार हैं। जीवन की हर कठिनाई में आप डोर थाम लेना। घर में सुख-शांति देना और भक्ति की डोर कभी टूटने न देना। *जय जगन्नाथ स्वामी, नयन पथ गामी भवतु मे* 🙏 ❤️

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