MyMandirInstall

*अमृत कथा* 🚩 वह भयानक रात: जब रावण की जीत लगभग तय हो गई थी! 😱 हनुमान जी की सूझबूझ ने कैसे पलटा रामायण युद्ध का पासा? रामायण युद्ध सत्य और असत्य का संघर्ष था, जिसमें श्री राम की विजय निश्चित थी। लेकिन, युद्ध के दौरान एक पल ऐसा भी आया था, जब रावण का एक दांव अगर सफल हो जाता, तो इतिहास कुछ और ही होता! 🔥 रावण का आखिरी दांव: तांत्रिक महिरावण मेघनाद की मृत्यु से बौखलाए रावण ने अपने पाताल लोक के शासक भाई, महिरावण (अहिरावण) को याद किया। महिरावण कोई साधारण योद्धा नहीं था, वह माँ काली का परम भक्त और एक महाशक्तिशाली तांत्रिक था। रावण ने योजना बनाई कि यदि महिरावण श्री राम और लक्ष्मण की बलि देवी काली को चढ़ा दे, तो रावण को हराना असंभव हो जाएगा। महिरावण तैयार हो गया। ।। विभीषण की चिंता और हनुमान जी का पहरा ।। विभीषण महिरावण की मायावी शक्तियों को जानते थे। उन्होंने तुरंत हनुमान जी को प्रभु की सुरक्षा का जिम्मा सौंपा। बजरंगबली ने कुटिया के चारों ओर एक अभेद्य सुरक्षा घेरा बना दिया। 🎭 मायावी चाल और अपहरण जब महिरावण सीधे प्रवेश नहीं कर पाया, तो उसने छल का सहारा लिया। उसने विभीषण का रूप धारण किया और हनुमान जी को धोखा देकर कुटिया में प्रवेश कर गया। देखते ही देखते वह श्री राम और लक्ष्मण का अपहरण कर उन्हें पाताल लोक ले गया। ⚔️ पाताल में हनुमान जी का पराक्रम सच्चाई पता चलते ही हनुमान जी पाताल लोक पहुंचे। वहां महिरावण बलि की अंतिम तैयारी कर रहा था। हनुमान जी ने यहाँ बल के साथ-साथ अद्भुत बुद्धि का परिचय दिया। एक सूक्ष्म रूप धरकर उन्होंने देवी काली से बात की और फिर श्री राम के कान में एक युक्ति बताई। 🩸 तांत्रिक का अंत जब बलि का समय आया, तो महिरावण ने प्रभु राम से शीश झुकाने को कहा। श्री राम बोले: "मैं क्षत्रिय हूं, मैंने कभी किसी के सामने शीश नहीं झुकाया। तुम पहले करके दिखाओ, फिर मैं करूँगा।" जैसे ही मूर्ख महिरावण ने बलिवेदी पर अपना सिर रखा, हनुमान जी अपने असली रूप में गर्जना करते हुए प्रकट हुए और उसी की तलवार से उस दुष्ट तांत्रिक की बलि चढ़ा दी। 🙏 निष्कर्ष इस प्रकार, वीर हनुमान ने रावण के सबसे खतरनाक षड्यंत्र को विफल कर दिया। यदि उस रात हनुमान जी ने अपनी बुद्धि और बल का प्रयोग न किया होता, तो रामायण का परिणाम कुछ और ही हो सकता था। संकटमोचन हनुमान जी की जय! 🚩 जय श्री राम!

Post media

Comments (0)

No comments yet. Be the first to comment!