
SHREE SHARMA
280 days ago
मेहनत की कमाई एक गांव में एक अमीर व्यक्ति रहता था। उसके पास बहुत दौलत थी, लेकिन उसका बेटा बहुत कंजूस और आलसी था। वह कभी कुछ काम नहीं करता था और हमेशा आसान रास्ता तलाशता रहता था। एक दिन पिता ने अपने बेटे को बुलाया और कहा, “बेटा, आज कुछ कमाकर लाओ।” बेटा तो आलसी था, लेकिन वह अपनी मां के पास गया और रो-रोकर सिर्फ ₹1 ले आया। शाम को जब पिता आए, तो लड़के ने अपनी जेब से वह ₹ निकालकर उन्हें दे दिया। पिता ने समझदारी से कहा, “ठीक है, अब इसे कुएँ में डाल दो।” बेटा झट से रुपए को कुएँ में फेंक आया। अगले दिन पिता ने फिर कहा, “आज भी कुछ कमाकर लाओ, नहीं तो शाम को खाना नहीं मिलेगा।” लड़का अपनी बहन के पास गया और सिर्फ ₹1 लेकर आया। पिता ने उसे फिर से कुएँ में फेंकने को कहा। लड़के ने जैसे कहा, वैसे ही किया। पिता ने अगली बार घर से पत्नी और बेटी को बाहर भेज दिया और बेटे से कहा, “आज कुछ कमाओ, नहीं तो तुम्हारा खाना नहीं मिलेगा।” दिन भर लड़का कुछ नहीं कर पाया। शाम तक उसे कोई पैसे देने वाला नहीं मिला। दुख और भूख से परेशान होकर वह बाजार गया और वहां एक सेठ मिला। सेठ ने कहा, “भाई, मेरा संदूक उठा कर मेरे घर तक ले जाओ, मैं तुम्हें इसके बदले चार आने दूँगा।” लड़के ने मेहनत की और संदूक सेठ के घर तक पहुंचाया। सेठ ने उसे चार आने दिए। शाम को लड़का पिता के पास गया और चार आने दे दिए। पिता ने कहा, “अब इसे भी कुएँ में डाल दो।” लड़का क्रोधित हो गया और बोला, “पिताजी, यह मेरी मेहनत की कमाई है। मेरे हाथ, कमर और पीठ थक गई हैं। क्या आप चाहते हैं कि इसे भी कुएँ में फेंक दूँ?” पिता ने उसकी बात समझी। अगले दिन उन्होंने अपने बेटे को आधा राज्य दे दिया। हमें हमेशा अपनी मेहनत की कमाई को सम्मान देना चाहिए। जो चीज़ हम कठिन मेहनत से कमाते हैं, वही हमें गर्व और खुशी देती है। दूसरों की कमाई पर आंख मूंदकर कब्ज़ा करना या उसे हल्के में लेना सही नहीं है। मेहनत ही असली मूल्य है।

Comments (2)

Saumya Sharma
Nov 23, 2025
बहुत ही सुन्दर कहानी 👌👌👌

Saumya Sharma
Nov 23, 2025
ॐ भास्कराय नमः 🙏 जन्म से मिले रिश्ते तो भाग्य की देन है, लेकिन यहाँ अपने व्यवहार से बनाए रिश्ते आपकी पूंजी है, इन्हें संभालकर रखिए 🤗 आप स्वस्थ रहें, सुरक्षित रहें और अपनों के साथ हँसते मुस्कुराते रहें 🙏 इसी शुभकामना के साथ शुभ रात्रि विश्राम भाई जी 🙏🌹☺️
