
Lal Singh 🇮🇳🇮🇳
296 days ago
*💫🌹 शुभ रात्रि 🌹💫* *🌹किसी ने एक विद्वान से पूछा की"आज के समय में सच्ची इज्जत किसकी होती है"विद्वान" ने जवाब दिया की इज्जत किसी इंसान की नहीं होती जरूरत की होती है "जरूरत खत्म इज्जत खत्म"यही दुनिया का रिवाज है* *🌹अनुभव और कर्म ये दो हमारे गुरु हैं और दोनों ही साथ चलते हैं "कर्म"परिस्थिति से लड़ना सिखाता है और "अनुभव" जीत हासिल करवाता है सफलता अधिक स्थायी तब है जब हम अपने सिद्धांतों को नष्ट किए बिना इसे हासिल करते हैं अपने मूल मूल्यों का सम्मान करें यह आप के चरित्र को दर्शाता है भले ही किसी की बातों से हम पूरी तरह सहमत न हो हमारे रिश्ते हमेशा बने रहे उसका ध्यान जरूर हो* *🌹समझदारी की बातें केवल दो ही लोग करते हैं एक वे जिनकी "उम्र और अनुभव" दोनो अधिक हो और दूसरे वे जिसने बहुत कम उम्र में "अच्छा और बुरा"दोनो वक़्त देखा हो प्रेरणा से शुरुआत होती है लेकिन अनुशासन से ही मंजिल तक पहुँचा जा सकता है निस्वार्थ भाव से की गई प्रार्थना ईश्वर तक पहुंच जाती है। ईश्वर के किसी न किसी रूप में दर्शन हो जाते हैं मानव जीवन रूपी पत्थर में परमात्मा की मूरत छिपी है इसे देखने के लिए स्वयं शिल्पकार बनना पड़ेगा* *💫🌹 शुभ रात्रि 🌹💫*

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