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💥 *एकादशी * 🛕 13 अप्रैल 2026 को वरुथिनी एकादशी का व्रत है। यह व्रत सौभाग्य और मोक्ष प्रदान करने वाला माना जाता है। वैशाख मास के कृष्ण पक्ष की इस एकादशी की महिमा स्वयं भगवान श्रीकृष्ण ने धर्मराज युधिष्ठिर को सुनाई थी। यहाँ इस व्रत की प्राचीन कथा और महत्व का विवरण दिया गया है: *वरुथिनी एकादशी व्रत कथा* प्राचीन काल में नर्मदा नदी के तट पर राजा मान्धाता राज्य करते थे। वे अत्यंत दानशील और तपस्वी राजा थे। एक बार जब वे जंगल में तपस्या कर रहे थे, तभी एक जंगली भालू वहाँ आया और राजा का पैर चबाने लगा। *राजा की परीक्षा और भक्ति* भालू राजा को घसीटकर घने जंगल के भीतर ले गया। राजा मान्धाता अत्यंत भयभीत हुए, लेकिन उन्होंने क्रोध करने या भालू पर प्रहार करने के बजाय भगवान विष्णु का स्मरण करना और उनसे रक्षा की पुहार लगाना उचित समझा। उनकी करुण पुकार सुनकर भगवान विष्णु प्रकट हुए और अपने सुदर्शन चक्र से भालू का वध कर राजा की रक्षा की। *निवारण का उपाय* भालू के काटने से राजा का पैर पूरी तरह घायल हो चुका था। राजा को दुखी देखकर भगवान विष्णु ने कहा: "हे राजन! तुम शोक मत करो। तुम मथुरा जाओ और वहाँ मेरी 'वराह अवतार

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