
Rama Devi Sahu
45 days ago
गुप्त नवरात्रि – द्वितीय दिवस दशमहाविद्या की द्वितीय शक्ति — माँ तारा दशमहाविद्याओं में द्वितीय स्थान माँ तारा का है। "तारा" का अर्थ है—जो पार उतार दे। जब जीवन चारों ओर से संकटों, भय, असफलताओं और मानसिक अंधकार से घिर जाता है, तब माँ तारा साधक की नाव की पतवार बनकर उसे सुरक्षित किनारे तक पहुँचाती हैं। माँ तारा केवल रक्षा करने वाली देवी नहीं हैं, बल्कि ज्ञान, वाणी, करुणा और दिव्य मार्गदर्शन की अधिष्ठात्री शक्ति भी हैं। वे उस गुरु-तत्त्व का स्वरूप हैं, जो भ्रमित मन को सही दिशा दिखाता है। यदि माँ काली अहंकार का अंत कराती हैं, तो माँ तारा उस रिक्त स्थान को दिव्य ज्ञान से भर देती हैं। माँ तारा का स्वरूप माँ तारा का गहरा नील वर्ण अनंत आकाश का प्रतीक है। वे बताती हैं कि जीवन का सबसे बड़ा संकट बाहर नहीं, बल्कि भीतर का अज्ञान है। उनके हाथों में धारण किए गए आयुध साधक को यह स्मरण कराते हैं कि विवेक ही सबसे बड़ा अस्त्र है। गुप्त नवरात्रि में माँ तारा की पूजा कैसे करें? - प्रातः स्नान कर स्वच्छ वस्त्र धारण करें। - माँ तारा के चित्र या विग्रह के सामने घी का दीपक प्रज्वलित करें। - नीले या सफेद पुष्प अर्पित करें। यदि उपलब्ध न हों तो श्रद्धा से कोई भी सुगंधित पुष्प अर्पित किया जा सकता है। - खीर, मिश्री या दूध से बनी मिठाई का भोग लगाएँ। - कम से कम 108 बार बीज मंत्र का जप करें। - पूजा के अंत में माँ से सही निर्णय, ज्ञान और जीवन में उचित मार्गदर्शन की प्रार्थना करें। माँ तारा का बीज मंत्र ॥ ॐ ह्रीं स्त्रीं हुं फट् ॥ (सामान्य साधक चाहें तो श्रद्धा से "ॐ तारायै नमः" का जप भी कर सकते हैं।) माँ तारा की उपासना से क्या लाभ होते हैं? - जीवन के संकटों से निकलने की शक्ति मिलती है। - भय, भ्रम और मानसिक अस्थिरता कम होती है। - ज्ञान, वाणी और स्मरण शक्ति में वृद्धि होती है। - गुरु कृपा और आध्यात्मिक मार्गदर्शन प्राप्त होता है। - निर्णय लेने की क्षमता मजबूत होती है। - साधना में आने वाली बाधाएँ धीरे-धीरे दूर होने लगती हैं। - आत्मविश्वास और आंतरिक शांति का विकास होता है। ज्योतिषीय दृष्टि से जब कुंडली में भ्रम, निर्णयहीनता, मानसिक तनाव या जीवन में बार-बार दिशा बदलने की स्थिति बन रही हो, तब माँ तारा की उपासना साधक को विवेक, धैर्य और सही मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है। वे सिखाती हैं कि हर संकट का समाधान पहले चेतना में जन्म लेता है, फिर जीवन में दिखाई देता है। आज का साधना संकल्प आज माँ तारा से केवल इतना कहें— "हे माँ! मुझे सही मार्ग पहचानने की बुद्धि, सत्य को स्वीकार करने का साहस और जीवन के हर संकट से पार होने की शक्ति प्रदान करें। मेरे अज्ञान को ज्ञान में और मेरे भय को विश्वास में परिवर्तित कर दें।" ॥ जय माँ तारा ॥

Comments (12)

Rama Devi Sahu
Jul 16, 2026
Gupta Navaratri 2nd Day ki Hardik Shubhkamnaye ke Sath Shubha Ratri Vandan Ji 🙏 Prem se Boliye 🙏🌺 Jai Mata Di 🌺🙏

Rama Devi Sahu
Jul 16, 2026
Gupta Navaratri 2nd Day ki Hardik Shubhkamnaye ke Sath Shubha Ratri Vishram Ji 🌹 Prem se Boliye 🙏🌺 Jai Mata Di 🌺🙏

Rama Devi Sahu
Jul 16, 2026
Gupta Navaratri 2nd Day ki Hardik Shubhkamnaye ke Sath Shubha Ratri Vandan Ji 🌹 Prem se Boliye 🙏🌺 Jai Mata Di 🌺🙏

Rama Devi Sahu
Jul 16, 2026
Maa ki Aasirbad Aap pr Sadeib Bani Rahe ❤️ Jai Mata Di 🌺🙏

Rama Devi Sahu
Jul 16, 2026
Gupta Navaratri 2nd Day ki Hardik Shubhkamnaye ke Sath Shubha Ratri Vandan Ji 🌹 Prem se Boliye 🙏🌺 Jai Mata Di 🌺🙏

Rama Devi Sahu
Jul 16, 2026
Gupta Navaratri 2nd Day ki Hardik Shubhkamnaye ke Sath Shubha Ratri Vandan Ji 🌹 Prem se Boliye 🙏🌺 Jai Mata Di 🌺🙏

R k jangid phulera Jaipur
Jul 16, 2026
जय माता दी माता रानी की कृपा आप पर सदैव बनेगा शुभ रात्रि 🙏

प्रेम कुमार
Jul 16, 2026
🌹🌹 जय माता दी 🌹🌹 शुभ रात्रि वंदन बहना 🌹🌹

Srikumar महाराज🇮🇳☸️
Jul 16, 2026
meri favorite hai inki saadhna karta hu 🙏 ॐ ह्रीं स्त्रीं हुं फट् 1 lakh jaap Karne se sid hota hai 🙏

