
Lal Singh 🇮🇳🇮🇳
245 days ago
28.12.2025 हर व्यक्ति अधिक से अधिक सुखी होना चाहता है। परंतु यह तभी संभव है, कि *"जब सब काम उसकी इच्छा अनुकूल या उसके मनपसंद होवें।"* सारे काम उस व्यक्ति के मनपसंद होवें, इसके लिए यह आवश्यक है, कि *"वह अपने सारे काम स्वयं करे। क्योंकि उसे कौन सा काम किस तरह का पसंद है, इस बात को 100% तो वही जानता है। दूसरा व्यक्ति 100% नहीं जान सकता। इसलिए यदि वह दूसरों से अपने काम करवाता रहेगा, तो सारे काम उसके मन पसंद नहीं हो पाएंगे, और वह पूरा सुखी नहीं हो पाएगा।" "परंतु कोई व्यक्ति अपने सारे काम स्वयं कर लेगा, यह भी संभव नहीं है।"* इसलिए बुद्धिमत्ता की बात यही है कि *"आप अपने काम जितने अधिक स्वयं कर सकते हैं, उतने स्वयं करें। उतने प्रतिशत आप सुखी रहेंगे।"* *"और जहां कोई काम आपको करना नहीं आता, अथवा उसे करने का समय आपके पास नहीं है, तो मजबूरी में दूसरे व्यक्ति का सहयोग लेवें।" "फिर दूसरा व्यक्ति अपनी बुद्धि अनुसार जैसा और जितना काम करके देवे, उतने में संतोष का पालन करें।" "दूसरे व्यक्ति के काम में दोष न निकालें, बल्कि उसको धन्यवाद देवें, कि उसने समय पर आपका काम कर दिया।" "यदि आप उसके काम में दोष निकालेंगे, और उसे बुरा भला कहेंगे, तो अगली बार वह व्यक्ति आपका काम करेगा ही नहीं।"* *"अतः बुद्धिमत्ता से काम लें। या तो अपने काम स्वयं करें। या दूसरा व्यक्ति जैसा भी काम करके दे, उतने में संतोष का पालन करें। उसका काम पसंद न आने पर, अगली बार आप उस काम को स्वयं कर लें, या किसी और बुद्धिमान व्यक्ति से करवा लें।"* *"इस प्रकार से यदि आप अपना जीवन जीएंगे, तो आप अधिकतम सुखी हो पाएंगे।" "100% सुख तो यहां संसार में नहीं मिलेगा। वह तो केवल मोक्ष में ही मिलता है।"* ---- *"स्वामी विवेकानन्द परिव्राजक, निदेशक - दर्शन योग महाविद्यालय, रोजड़, गुजरात."*

Comments (2)

Rama Devi Sahu
Dec 28, 2025
Shubh Ravivar ki Subha Kamanayen ke Sath Suprabhat Jii 🙏 Bhagwan Surya Dev Ji ki Aasirbad Aap or Aap ke Pure Parivar ko Hamesha Mangal Rakhe or Swastha Surakshit Rakhe 🙏 Aap ka Har Pal Subha Mangalmay Ho 🙏🌹🌹🙏‼️ Hari Om Tat Sat ‼️🙏

Rama Devi Sahu
Dec 28, 2025
Bahut hi Sundar Suvichar 👌👌🙏
