
Lal Singh 🇮🇳🇮🇳
227 days ago
हमारे प्राचीन सनातनी मंदिर केवल निर्माण की संरचना ही नहीं हैं, लेकिन मानव शरीर और हमारे रहस्यमय ब्रह्मांड का स्पष्ट गठन और कोड। हमारे मंदिर विज्ञान और ज्ञान का स्रोत है। हमारे सनातनी मंदिर प्राथमिक दिव्य रचनात्मक पुस्तक हैं जो ब्रह्मांडीय,आध्यात्मिक और वैज्ञानिक के साथ मानव मस्तिष्क का वर्णन है । यह बृहदीश्वर मंदिर है जो की तमिलनाडु मे स्थित है, यह चोल साम्राज्य का प्राचीन मंदिर है जो सम्राट राजा चोल द्वारा निर्मित है। 2010 में मंदिर 1000 साल पुराना था और यूनेस्को विश्व हेरिटाजेन्ज़ साइट का हिस्सा बन गया। इस मंदिर की प्रत्येक संरचना मानव मस्तिष्क के आकृति के समान है जो की ज्ञान और शिक्षा को आलोकित करने के लिए बनाई गई है । इस मंदिर में हम मानव रीढ़ की हड्डी की 32 परतों को वजन के रूप में पूजा करते हैं, अनुपात 32, 16, 8 है *देश भक्त एकता*

Comments (2)

Pannalal Chouhan
Jan 15, 2026
ॐ नमो भगवते वासुदेवाय

Pannalal Chouhan
Jan 15, 2026
ॐ गण गणपतए नमः
