
SHREE SHARMA
435 days ago
सायं भजामि शरणोपसृताखिलार्ति पुञ्जप्रणाशनविधौ प्रथितप्रतापम् अक्षान्तकं सकलराक्षसवंशधूमकेतुं प्रमोदितविदेहसुतं दयालुम् शरणागतों के सम्पूर्ण दुःख समूह का विनाश करने में जिनका प्रताप लोक-प्रसिद्ध है, जो अक्षयकुमार का वध करनेवाले और समस्त राक्षस वंश के लिये धूमकेतु हैं एवं जिन्होंने विदेहनन्दिनी सीताजी को आनन्द प्रदान किया है, उन दयालु हनुमानजी का मैं सायंकाल मे भजन करता हूँ.. जय सियाराम 🙏

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