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Rama Devi Sahu

69 days ago

1: 🛕 भगवान जगन्नाथ 15 दिन क्यों रहते हैं बीमार? और माता लक्ष्मी क्यों तोड़ती हैं उनका रथ? जानिए रथ यात्रा के ये अनसुने रहस्य! 🌺 सनातन धर्म के चार प्रमुख धामों में से पूर्व दिशा में स्थित श्री जगन्नाथ पुरी धाम की रथ यात्रा केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि भगवान और उनके भक्तों के बीच प्रेम की एक सजीव और जीवंत लीला है। क्या आप इस विश्व प्रसिद्ध यात्रा से जुड़े इन अद्भुत और रोचक रहस्यों को जानते हैं? आइए आज दर्शन करते हैं इन दिव्य परंपराओं के: 🚿 स्नान यात्रा और 15 दिन का एकांतवास (अणासर): रथ यात्रा से लगभग 18 दिन पहले भगवान जगन्नाथ, बलभद्र जी और माता सुभद्रा को जगन्नाथ मंदिर के उत्तरी कुएं से निकाले गए पवित्र जल के 108 घड़ों से स्नान कराया जाता है। इतने ठंडे जल से स्नान के बाद भगवान 'बीमार' पड़ जाते हैं और 15 दिनों तक एकांतवास (अणासर) में रहते हैं, जहाँ किसी को भी दर्शन की अनुमति नहीं होती। 15 दिन बाद जब वे स्वस्थ होकर पुनः दर्शन देते हैं, तो उसे 'नव यौवन दर्शन' या 'नेत्रोत्सव' कहा जाता है। 🧹 गुंडिचा मार्जन: रथ यात्रा से ठीक एक दिन पहले भगवान के विश्राम स्थल 'गुंडिचा माता मंदिर' को साफ किया जाता है। सफाई के इस पवित्र अनुष्ठान को गुंडिचा मार्जन कहते हैं, जिसके लिए जल पवित्र इंद्रद्युम्न सरोवर से लाया जाता है। 😠 हेरा पंचमी और माता लक्ष्मी का 'रथ भंग': यह इस यात्रा का सबसे रोचक और मधुर प्रसंग है! रथ यात्रा के पांचवें दिन (हेरा पंचमी), माता लक्ष्मी भगवान जगन्नाथ को ढूंढ़ते हुए सुवर्ण महालक्ष्मी के रूप में गुंडिचा मंदिर पहुँचती हैं। भगवान उन्हें शांत करने और अपनी सहमति जताने के लिए 'सनमति माला' देते हैं। लेकिन लौटते समय माता लक्ष्मी अपना क्रोध शांत नहीं कर पातीं और इमली के पेड़ के पीछे छिपकर, अपने सेवकों से भगवान के रथ (नंदीघोष) का एक हिस्सा तुड़वा देती हैं। इस अद्भुत लीला को 'रथ भंग' कहा जाता है। 🔙 बहुदा यात्रा (वापसी की यात्रा): देवशयनी एकादशी के दिन भगवान 4 महीने की योगनिद्रा में चले जाते हैं, इसलिए उससे पहले उनका मुख्य मंदिर लौटना आवश्यक होता है। दशमी तिथि को भगवान की इसी वापसी यात्रा को 'बहुदा यात्रा' कहते हैं। लौटते समय भगवान अपनी मौसी के घर (माँ अर्धासिनी मंदिर / मौसी माँ मंदिर) में एक छोटा सा पड़ाव डालते हैं और उनका आतिथ्य स्वीकार करते हैं। सनातन धर्म की ये पौराणिक लीलाएं और परंपराएं कितनी अद्भुत, पारिवारिक और जीवंत हैं! 😍 🙏 जय जगन्नाथ! 🙏

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Comments (2)

Rama Devi Sahu

Rama Devi Sahu

Jun 22, 2026

🙏‼️ Jai Jagannath 🙏 Subha Dopahar Ji 🌹 Kalia Thakur Ji ki Aasirbad se Aap ka Sabhi Manokamana Puri Ho 🌹 Hari Bol....

Srikumar  महाराज🇮🇳☸️

Srikumar महाराज🇮🇳☸️

Jun 22, 2026

ପ୍ରାର୍ଥନା ସହିତ ଆପଣଙ୍କ ଦିନ ଆରମ୍ଭ କରନ୍ତୁ ଏବଂ ତାଙ୍କ ପ୍ରେମକୁ ଆଲୋକିତ କରନ୍ତୁ!"