
Rama Devi Sahu
1 day ago
जलमग्न द्वारका - समुद्र की गहराइयों में जीवित कृष्णनगरी गुजरात के सौराष्ट्र तट के निकट समुद्र की गहराइयों में प्राचीन द्वारका के जलमग्न पुरातात्त्विक अवशेष आज भी विद्यमान हैं. पत्थर की संरचनाएँ, स्थापत्य अवशेष और अन्य पुरावशेष इस क्षेत्र की प्राचीन समुद्री सभ्यता और नगर-परंपरा का प्रमाण देते हैं. शास्त्रों में वर्णित द्वारका वही पावन नगरी है, जिसे भगवान श्रीकृष्ण ने बसाया था और जिसके समुद्र में समा जाने का वर्णन मिलता है. फरवरी 2024 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं समुद्र की गहराइयों में पहुँचे और जलमग्न द्वारका के स्थल पर भगवान श्रीकृष्ण को नमन करते हुए पूजा-अर्चना की. उन्होंने वहाँ मोरपंख भी अर्पित किया. समुद्र के भीतर दिखाई देते ये अवशेष केवल पत्थर नहीं, भारत की प्राचीन समुद्री परंपरा, नगर-योजना और सांस्कृतिक स्मृति के अद्भुत साक्षी हैं. मेरी संस्कृति…मेरा देश…मेरा अभिमान 🚩
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