MyMandirInstall

द्विजप्रिय संकष्टी चतुर्थी 5 फरवरी 2026 को मनाई जाएगी। यह पर्व भगवान गणेश को समर्पित है, जो विघ्नहर्ता और बुद्धि के देवता हैं। इस दिन, भक्त गणेश जी की पूजा-अर्चना करते हैं और उन्हें दूर्वा, लाल फूल, मोदक, लड्डू, पान और दही-चीनी का भोग लगाते हैं ¹ ². *द्विजप्रिय संकष्टी चतुर्थी पूजा विधि:* - सुबह स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र पहनें। - मंदिर को साफ करें और गणेश जी की मूर्ति या तस्वीर स्थापित करें। - गणेश जी को पीले गेंदे के फूल, पांच हरी दूर्वा, पान और फल चढ़ाएं। - भगवान गणेश को मोदक का भोग लगाएं। - गणेश जी के मंत्रों का जाप करें और आरती करके पूजा का समापन करें। - चंद्रमा को अर्घ्य देने के बाद व्रत खोलें ³ ⁴. *शुभ मुहूर्त:* - ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 5:22 मिनट से 6:15 मिनट तक - अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 12:13 मिनट से 12:57 मिनट तक - विजय मुहूर्त: दोपहर 2:25 मिनट से 3:08 मिनट तक - चंद्रोदय समय: रात 9:35 मिनट पर ¹ ² *द्विजप्रिय संकष्टी चतुर्थी का महत्व:* इस दिन भगवान गणेश की पूजा करने से जीवन के सभी संकट दूर होते हैं और विघ्न-बाधाओं का नाश होता है। साथ ही, सुख-समृद्धि और ज्ञान की प्राप्ति होती है ⁵ ⁶.

Comments (5)

Srikumar  महाराज🇮🇳☸️

Srikumar महाराज🇮🇳☸️

Feb 5, 2026

आपकी बहुत दयालुता है हमेशा खुश, स्वस्थ और सुखी रहो। धन्यवाद, बधाई हो, गुरुवार सुबह 🙏

Rama Devi Sahu

Rama Devi Sahu

Feb 4, 2026

Mujhe Sabhi ka Aashirwad bahut Acchi lagti hai....Aap ka bhi...Aap Hamesha Khush Rahe Swasth or Surakshit Rahe 🙏 Good 😊 night ❤️

Srikumar  महाराज🇮🇳☸️

Srikumar महाराज🇮🇳☸️

Feb 4, 2026

गणपति आपको जीवन जीने के लिए सभी आवश्यक चीजों का आशीर्वाद दें

Rama Devi Sahu

Rama Devi Sahu

Feb 4, 2026

🙏‼️ Om Ganeshay Namah ‼️🙏 Shubha Guruvar or Shri Ganesh ji ki Sankashti Chaturthi ki Hardik Shubhkamnaye ke Sath Subha Ratri Jii ‼️🙏

Srikumar  महाराज🇮🇳☸️

Srikumar महाराज🇮🇳☸️

Feb 4, 2026

Dwijapriya Sankashti Chaturthi 2026: हिंदू धर्म में गणेश चतुर्थी का विशेष महत्व है। साल में कुल 24 गणेश चतुर्थी पड़ती है और हर एक चतुर्थी का अपना-अपना महत्व है। ऐसे ही फाल्गुन मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को पड़ने वाली गणेश चतुर्थी को द्विजप्रिय संकष्टी चतुर्थी कहा जाता है।