
Haresh Chanchlani Chanchlani
239 days ago
घर दीन्हे घर जात है, घर छोड़े घर जाय 'तुलसी' घर बन बीच रहू, राम प्रेम-पुर छाय यदि मनुष्य एक स्थान पर घर करके बैठ जाय तो वह वहाँ की माया-ममता में फँसकर उस प्रभु के घर से विमुख हो जाता है, इसके विपरीत यदि मनुष्य घर छोड़ देता है तो उसका घर बिगड़ जाता है, इसलिए कवि का कथन है कि भगवान् राम के प्रेम का नगर बना कर घर और बन दोनों के बीच समान रूप से रहो, पर आसक्ति किसी में न रखो ✍️🌷🙏 🙏🌷!! जय श्री राम!!🌷🙏 प्रभु श्री राम जी का कृपा और आशीर्वाद सदैव आप सभी पर बनी रहें। राम राम जी शुभ रात्रि 🙏
Comments (4)

Riya Riya 💖💖
Jan 3, 2026
jai shree krishna radhe radhe ji🌹🌹🙏🙏shubh ratri bhaiya ji🙏🙏

R k jangid phulera Jaipur
Jan 3, 2026
जय श्री कृष्ण जी🙏

Annuraj 🥀🥀 Anita 😊
Jan 3, 2026
😊💪 तुम बस _अपने आप_ से मत _हारना_... 💪🌿 फिर तुम्हें कोई _नहीं_ हरा सकता...!! 🏆🔥 _— आत्मविश्वास_ ही सबसे बड़ी _विजय_ है 🌟 शुभ रात्रि आदरणीयभाईसाहब 💤🌕 बाबा महाकाल का आशीर्वाद सदैव आप पर बना रहे 🌺🥀🥀 जय श्री महाकाल 🥀🥀🌺🌺 😊

Umesh Sharma
Jan 3, 2026
radhe radhe 🌹🌹
