
Rama Devi Sahu
10 days ago
शान्तारूपं शङ्खचक्रगदाधरम्, कमलानयनं दिव्यं पीतांबरधरं विभुम्। संसारतापहरणं सर्वलोकैकनाथम्, नमामि विष्णुं जगदभयप्रदम्॥ भावार्थ: शान्त स्वरूप वाले, हाथ में शङ्ख, चक्र और गदा धारण करने वाले, कमल समान दिव्य नेत्रों वाले, पीताम्बरधारी एवं सर्वव्यापी भगवान विष्णु को मैं प्रणाम करता हूँ। वे संसार के समस्त ताप (दुःखों) का हरण करने वाले, सभी लोकों के स्वामी और सम्पूर्ण जगत को अभय प्रदान करने वाले हैं।

Comments (1)

Shah 🩷
Sep 10, 2026
🌸 ॐ कृष्णाय वासुदेवाय 🌸
