
Rama Devi Sahu
95 days ago
ॐ विष्णवे नमः 🙏 अधिक मास में आने वाली पद्मिनी एकादशी भगवान विष्णु को समर्पित अत्यंत पुण्यदायी और दुर्लभ एकादशी मानी जाती है। इस पवित्र दिन पर व्रत रखने से भक्तों को अनेक सकारात्मक परिणाम मिलते हैं: - पापों का नाश: इस दिन विधि-विधान से व्रत रखने से जीवन के सभी पापों का नाश होता है। - सुख-समृद्धि का आशीर्वाद: भगवान विष्णु की पूजा से घर में सुख और समृद्धि का आगमन होता है। - आध्यात्मिक उन्नति: यह व्रत आत्मा की शुद्धि और आध्यात्मिक उन्नति के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। - दुर्लभ अवसर: तीन वर्षों में एक बार आने वाली यह एकादशी भगवान विष्णु की कृपा पाने का दुर्लभ अवसर प्रदान करती है। पद्मिनी एकादशी को पापों का नाश करने वाली और मोक्ष प्रदान करने वाली तिथि कहा गया है। धार्मिक मान्यता है कि इस दिन विधि-विधान से भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा करने से जीवन के कष्ट दूर होते हैं। पंचांग के अनुसार पद्मिनी एकादशी व्रत 27 मई को रखा जाएगा, इस दिन पूजा के लिए सुबह 5.25 से सुबह 8.52 तक शुभ मुहूर्त बन रहा है। पद्मिनी एकादशी का व्रत पारण 28 मई को सुबह 5.25 से सुबह 7.56 के बीच किया जाएगा, पारण तिथि के दिन द्वादशी समाप्त होने का समय सुबह 7.56 है।

Comments (1)

Rakesh Kumar
May 27, 2026
good morning ji 🙏
