MyMandirInstall

जाता हैं सो जाण दे, तेरी दसा न जाइ। खेवटिया की नाव ज्यूँ, घने मिलेंगे आइ ॥ अर्थः जो व्यक्ति, परिस्थित्ति या संबंध आपको छोड़कर चला जाए, उसे जाने दो। अपने स्वभाव, धैर्य, भलाई और स्थिरता को कभी मत छोड़ो। यदि तुम अपने स्वरूप में बने रहोगे, तो केवट की नाव की तरह अनेक लोग तुम्हारे पास स्वयं आकर जुड़ेंगे, सहारा लेंगे और तुमसे लाभ पाएंगे।

Comments (0)

No comments yet. Be the first to comment!