
Rama Devi Sahu
79 days ago
किसी ने पूछा- जब कण कण में भगवान हैं तो तुम 'सतसंग' क्यों जाते हो ? जवाब देने वाले ने बहुत सुंदर जवाब दिया हवा तो धूप में भी चलती हैं पर 'आंनद' और 'चैन' 'छाँव' में बैठ कर ही मिलता हैं...
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