MyMandirInstall
Profile

Rama Devi Sahu

322 days ago

"एक भी व्यक्ति संसार में ऐसा नहीं है जिसके बारे में आप यह कह सकें कि यह सुखी है।" कोई भी व्यक्ति संसार में ऐसा नहीं है जो छाती पर हाथ धर कर कहे कि मैं सुखी हूँ, दो-दो हजार करोड़ का टर्नओवर हर महीने कर रहे हैं, पाँच-पाँच हजार करोड़ का टर्नओवर हर महीने कर रहे हैं, लेकिन खाते क्या हैं? मूँग की दाल के साथ रूखा फुल्का। एक ऐसे ही अरबपति सेठजी से पूछा कि ये क्या भोजन है, इतना सब वैभव और मूँग की दाल के साथ रूखा फुल्का? बोले क्या करें डॉक्टर ने मना किया है, रोटी चुपड़कर खा लूंगा तो ब्लड प्रेशर हाई हो जायेगा। सम्पत्ति अरबों की है लेकिन खाते हैं रूखा फुल्का। किसी को किसी बात की कमी नहीं है, अनन्त सम्पत्ति है, बड़ी-बड़ी इंडस्ट्रीज़ हैं, लेकिन मानसिक चिंता भयानक रूप से व्याप्त है। एक शख्स चाहते थे कि अच्छे खानदान से सम्बन्ध करूँगा, बड़े संस्कारी खानदान में बेटे का विवाह होगा, बड़े प्रतिष्ठित परिवार से विवाह करूँगा मेरे बेटे का, और बेटा घर की नौकरानी को लेकर भाग गया, कोर्टमेरिज कर ली। अब पिताजी चाहे कुछ भी करो, बेटे ने तो कर ली शादी, सबकुछ है लेकिन मन में बड़ी बेचैनी है। कभी बेटी नहीं सुनती, कभी बेटा नहीं सुनता, कभी ऐसा चाहते थे, कभी वैसा चाहते थे। और ••• कोई धन बिन रहत उदास ••• बेचारा मजदूर दिनभर मजदूरी करता है, बड़ी-बड़ी मल्टी स्टोर बिल्डिंग बनाता है, पुताई करता है, पेंट करता है, इतनी जान जोखिम में डाल कर काम करता है, शाम को 300 रुपये मजदूरी के मिले। क्या बेटे को खिलावे, क्या पत्नी को खिलावे और क्या खुद खायें, किसी को भी सुख नहीं है, सुख किसको है? तो *सुख तो भैया केवल हरि के दासों को है, सुख तो केवल भगवत्-कीर्तन में है।* *कबीरा सब जग निर्धन, धनवंता नहीं कोय।* *धनवंता सोई जानिये, जाको हरि नाम धन होय।।* धनी तो वहीं है, जिसके पास हरि नाम (दूसरा मुख्य नाम ॐ) का धन है, प्रभु के नाम का धन जिसने कमा लिया वही एकमात्र धनी है। और कौन धनी है? *अधिदैहिक ताप, अधिदैविक ताप तथा अधिभौतिक ताप तीनों को विनष्ट करने की जिस परमात्मा के नाम (ॐ या राम) में शक्ति है, ऐसे परमात्मा के सगुण रूप भगवान राम और भगवान कृष्ण को हम प्रणाम करते हैं।* 🌹🍂जय श्री रा - राधा म - माधव 🍂🌹

Post media

Comments (2)

Rama Devi Sahu

Rama Devi Sahu

Oct 13, 2025

Radhey Radhey ❤️ Jai Shree Krishna 🙏 Subha Dopahar Jii 🙏🌹🌹

mavjibhai bhanderi

mavjibhai bhanderi

Oct 13, 2025

Jay sree radhe radhe