Seemma Valluvar
Seemma Valluvar Oct 15, 2021

*यह दशहरा है साहब...* *राजा* राम थे तो, रावण भी *राजा* था। *परमवीर* राम थे तो, रावण भी *महाबली* था। *ज्ञानी* राम थे तो, *महाज्ञानी* रावण भी था। *सन्यासी* राम बने तो, *संयमी* रावण भी रहा। *पति धर्म* राम ने पूरा किया तो, *भ्राता धर्म* रावण ने पूर्ण किया। पिता को दिया *वचन* राम ने निभाया तो, बहन को दिया *वचन* रावण ने भी निभाया। *सत्य* राम थे तो *झूठा* रावण भी *नहीं* था। 🏹 *फिर युद्ध क्यों?* 🏹 राम की *जीत* और रावण की *हार* क्यों? 🚩 *यह युद्ध था...* 🏴 *ज्ञान* और *महाज्ञान* के *सही-गलत उपयोग* का। *सत्य* से ऊपर *अति आत्मविश्वास* का। परिजन की *सलाह नकारने* का। *मर्यादा पुरुषोत्तम* राम और *मतिभ्रम दशानन* रावण का। *राम नीति* और *रावण प्रवृत्ति* का। *त्यागी* राम और *अहंकारी* रावण का। आइये इस दशहरे पर देश, समाज और अपने अंदर के राम-रावण को पहचाने। ज्ञान और बल के सही-गलत उपयोग को जाने। सत्य और अहंकार के भेद को पहचाने। जय श्री राम 🙏🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🚩

*यह दशहरा है साहब...*
*राजा* राम थे तो, रावण भी *राजा* था।
*परमवीर* राम थे तो, रावण भी *महाबली* था।
*ज्ञानी* राम थे तो, *महाज्ञानी* रावण भी था।
*सन्यासी* राम बने तो, *संयमी* रावण भी रहा।
*पति धर्म* राम ने पूरा किया तो, *भ्राता धर्म* रावण ने पूर्ण किया।
पिता को दिया *वचन* राम ने निभाया तो,
बहन को दिया *वचन* रावण ने भी निभाया।
*सत्य* राम थे तो *झूठा* रावण भी *नहीं* था।
🏹 *फिर युद्ध क्यों?* 🏹
राम की *जीत* और रावण की *हार* क्यों?
               🚩 *यह युद्ध था...* 🏴
*ज्ञान* और *महाज्ञान* के *सही-गलत उपयोग* का।
*सत्य* से ऊपर *अति आत्मविश्वास* का।
परिजन की *सलाह नकारने* का।
*मर्यादा पुरुषोत्तम* राम और *मतिभ्रम दशानन* रावण का।
*राम नीति* और *रावण प्रवृत्ति* का।
*त्यागी* राम और *अहंकारी* रावण का।
आइये इस दशहरे पर
देश, समाज और अपने अंदर के राम-रावण को पहचाने।
ज्ञान और बल के सही-गलत उपयोग को जाने।
सत्य और अहंकार के भेद को पहचाने। 
जय श्री राम 🙏🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🚩

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कामेंट्स

💞💞jeeawansingh sisodiya💞💞 Oct 15, 2021
happy dasahara wish you 🌹🌹jai mata di good night ji 🌹🌹🦁🦁🌹🌹🍂🍂🍂🍂🍀🍀🍀🏵🔱🔱🙏🙏🙏🙏👌👌🍀🍀🍃🍃🍃🍃🍃🍃🍃🍃🍃

Kailash Prasad Oct 15, 2021
बुराई के प्रतीक स्वरुप #रावण_दहन के साथ ही हमारे अंतर्मन के विकार भी भस्म हों.. इसी आशा के साथ विजयादशमी पर्व की शुभकामनाएं 🚩💐💐 *🙏हैप्पी दशहरा🙏* 🌻🌹🌻 शुभ रात्रि 🙏🏼🌹🌻

Preeti Jain Oct 15, 2021
🔱🌹🔱🌹🔱🌹🙏✍️ Happy Dussehra ji 🙏 happy Friday jai mata di 🙏 mata rani ka kirpa said aap aur aap ke femli pe bana rahe aap ka har pal subh aur magal mey ho jai jinendra ji 🙏 jai om shanti 🔱🔱👍🌹🌹✍️🙏🎁🎁🍫🍫 pyari bahana jiiii

kamala Maheshwari Oct 15, 2021
very sweetgood night ji 💠♦️💠 jai shree krishna ji 💠♦️💠♦️💠 Vijaya dashami ki hardik shubh kamnayeji jai shree ram ji. god bless you and your family always be happy ji 💠♦️💠♦️💠♦️💠♦️💠♦️💠♦️💠♦️

Bindu Singh Oct 15, 2021
Jai Mata di ji Radhe Radhe ji good night ji 🌷🙏🏼🌷🙏🏼👌

Kanta Kamra Oct 15, 2021
vijay dashmi ki hardik shubh kamnaye ji 🙏🙏🌹🌹 good night

JAI MAHAKAAL KI 🙏🌹🙏🌹 Oct 15, 2021
🙏🌹जय श्री राम🌹🙏 🚩🌺🚩🌺🚩🌺🚩 शुभ रात्रि विश्राम🌹🙏 *_ब्रम्ह ज्ञानी,त्रिलोक विजेता_*, _*समस्त वेदों के ज्ञाता,परम पराक्रमी, शिव तांडव रचियता,अपने समस्त कुल का उद्धार करने वाले,शिवभक्त,*_ *_पंडित लंकाधिपति रावण_* *के* _*दशरथ नन्दन प्रभु *श्रीराम* *के हाथों*_ *_मोक्ष पथ_* _*प्राप्त होने के पावन पर्व*_ *_विजयादशमी_* _*की आप को सपरिवार*_ *_बहुत बहुत बधाई और हार्दिक_* *_शुभकामनाएं...👏_* *।।जय जय श्री राम 👏।।जय लंकेश ।।*🔱

Saumya sharma Oct 15, 2021
जय श्री राम प्यारी बहना जी 🙏अति सुंदर प्रस्तुति के लिए धन्यवाद🙏🌹जीवन में हर नया दिन एक अवसर है-श्रेष्ठ करने का, श्रेष्ठ बनने का और श्रेष्ठ पाने का 🌹राम जी की कृपा से आप अपने जीवन में सब श्रेष्ठ पाएं 👍कोई बुराई आपके निकट भी न आ सके 🌹इसी के साथ विजयादशमी की हार्दिक शुभकामनाएं 🙏आप सपरिवार स्वस्थ व प्रसन्न रहें ☺🌹🙏

Bhagat ram Oct 15, 2021
🌹🌹 विजयदशमी की हार्दिक शुभकामनाएं 🙏🙏🌿🌺💐🌹 शुभ रात्रि वंदन जी 🙏🙏🌿🌺💐🌹🌹

Anup Kumar Sinha Oct 15, 2021
जय श्री राम🙏🏻🙏🏻 शुभ रात्रि वंंदन,मेरी बहना । आपको विजयादशमी की हार्दिक शुभकामनाएं 🙏🏻🌺

ILA SINHA Oct 15, 2021
🥀🌺 Jai Shree Ram🌺🥀 🥀🌺 Happy Vijayadashami🌺🥀 🥀🌺 Good night🌺🥀

APOORVA.SHET( SUPRIYA.SHET) Oct 15, 2021
NICE POST...VERY BEAUTIFUL GOOD NIGHT..HAPPY VIJAYADASHAMI...HARIOM 🙏🙏🌹🌹🌹🌹🌹🌹🙏🙏

laltesh kumar sharma Oct 15, 2021
🌹🌿🌹 jai shree ram ji 🌹🌿🌹 Happy dashra you and your family ji 🌹🌿🌹 Subh ratri vandan ji 🌹🌿🌹🙏🙏

pawar Jalindar रामकृष्ण हरि Oct 15, 2021
जय श्री राम जय माता दी 🌹 वंदन जी 🌹 विजयादशमी उत्सव की हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई आदरणीय बहंना जी

GOVIND CHOUHAN Oct 15, 2021
Jai Shree Ram 🌷 Jai Siyaram 🌷🙏🙏 Shubh Raatri Vandan Jiii 🙏🙏 Vijaydashmi Parv ki Bahut Bahut Hardik subh kamnaye jiii 🙏🙏

k s Oct 15, 2021
⛳🙏🕉️🙏🥀🌹जय माता दी जय श्री राम राम राम जी राम राम शुभ रात्रि वंदन जी मेरी प्यारी बहना जी🏹 बुराई पर अच्छाई की जीत 👍विजयदशमी त्योहार पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं जी जय राम जी की 🙏🌹🕉️🌹💐💐⛳⛳⛳

Anil Oct 16, 2021
good morning जय बजरंगबली 🌹🙏🙏🙏🌹

RAKESH SHARMA Oct 16, 2021
PARAM PUJYA PITA PARAMESHWAR KA AASHIRWAD KRP AP AUR PARIWAR PAR HUMESHA BANA RAHE AP SABHI K UJJAWAL BHAVISYA KI SHUBH MANGALMAY KAMANAYE KARATE H 🙏🌹🙏🌹🙏🌹🙏🌹

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SONU NAREDA Dec 7, 2021

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Kanta Kamra Dec 7, 2021

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Satish Khare Dec 8, 2021

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. विवाह पंचमी हर वर्ष मार्गशीष मास में शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को विवाह पंचमी मनाई जाती है। पौराणिक मान्यता है कि भगवान राम और सीता का विवाह इसी दिन हुआ था और इसी आस्था के कारण विवाह पंचमी पर्व मनाया जाता है। सनातन धर्म में विवाह पंचमी को भगवान राम और माता सीता के विवाह के उत्सव के रूप में मनाने की परंपरा रही है। ऐतिहासिक दृष्टिकोण से भी देखें तो तुलसी दास ने रामचरित्र मानस के लेखन का कार्य भी विवाह पंचमी के दिन ही पूर्ण किया था। विवाह पंचमी की पूजा विधि 01- विवाह पंचमी के दिन भगवान श्री राम और माता सीता का विवाह संपन्न कराया जाता है. इस तरह कराएं राम-सीता विवाह। 02- विवाह पंचमी के दिन सबसे पहले सुबह उठकर स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र धारण करें। 03- इसके बाद राम विवाह का संकल्प लें। 04- अब घर के मंदिर में भगवान राम और माता सीता की मूर्ति या चित्र की स्थापना करें। 05- अब भगवान राम को पीले व मां सीता को लाल वस्त्र पहनाएं। 06- अब रामायण के बाल कांड का पाठ करते हुए विवाह प्रसंग का पाठ करें। 07- इसके बाद ॐ जानकीवल्लभाय नमः का जाप करें। 08- फिर भगवान राम और मां सीता का गठबंधन करें। 09- अब राम-सीता की जोड़ी की आरती उतारें। 10- अब भगवान को भोग लगाएं और पूरे घर में प्रसाद बांटकर आप भी ग्रहण करें। विवाह पंचमी की कथा पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, सीता माता का जन्म धरती से हुआ था। कहा जाता है कि राजा जनक हल जोत रहे थे तब उन्हें एक बच्ची मिली और उसे वे अपने महल में लाए व पुत्री की तरह पालने लगे। उन्होंने उस बच्ची का नाम सीता रखा। लोग उन्हें जनक पुत्री सीता या जानकी कहकर पुकारते थे। मान्यता है कि माता सीता ने एक बार मंदिर में रखे भगवान शिव के धनुष को उठा लिया था। उस धनुष को परशुराम के अलावा किसी ने नहीं उठाया था। उसी दिन राजा जनक ने निर्णय लिया कि वो अपनी पुत्री का विवाह उसी के साथ करेंगे जो इस धनुष को उठा पाएगा। फिर कुछ समय बाद माता सीता के विवाह के लिए स्वयंवर रखा गया। स्वयंवर के लिए कई बड़े-बड़े महारथियों, राजाओं और राजकुमारों को निमंत्रण भेजा गया। उस स्वयंवर में महर्षि विश्वामित्र के साथ मर्यादा पुरुषोत्तम राम और उनके छोटे भाई लक्ष्मण भी दर्शक दीर्घा में उपस्थित थे। स्वयंवर शुरू हुआ और एक-एक कर सभी राजा, धुरंधर और राजकुमार आए लेकिन उनमें से कोई भी शिव के धनष को उठाना तो दूर उसे हिला भी नहीं सका। यह देखकर राजा जनक बेहद दुखी हो गए और कहने लगे कि क्या मेरी पुत्री के लिए कोई भी योग्य वर नहीं है। तभी महर्षि विश्वामित्र ने राम से स्वयंवर में हिस्सा लेकर धनुष उठाने के लिए कहा। राम ने गुरु की आज्ञा का पालन किया और एक बार में ही धनुष को उठाकर उसमें प्रत्यंचा चढ़ाने लगे, लेकिन तभी धनुष टूट गया। इसी के साथ राम स्वयंवर जीत गए और माता सीता ने उनके गले में वरमाला डाल दी। मान्यता है कि सीता ने जैसे ही राम के गले में वर माला डाली तीनों लोक खुशी से झूम उठे। यही वजह है कि विवाह पंचमी के दिन आज भी धूमधाम से भगवान राम और माता सीता का गठबंधन किया जाता है। विवाह पंचमी के दिन नहीं होते विवाह हिन्दू धर्म में विवाह पंचमी का विशेष महत्व है। लेकिन इस दिन कई जगह विवाह नहीं किए जाते हैं। खासकर मिथिलांचल और नेपाल में इस दिन विवाह नहीं करने की परंपरा है। वहाँ ऐसी मान्यता है कि, सीता का वैवाहिक जीवन दुखद रहा था, इसी वजह से लोग विवाह पंचमी के दिन विवाह करना उचित नहीं मानते। उनका मानना है कि 14 वर्ष के वनवास के बाद भी राम ने गर्भवती सीता को त्याग कर दिया था और उन्हें महारानी का सुख नहीं मिल पाया। इसलिए विवाह पंचमी के दिन लोग अपनी बेटियों का विवाह नहीं करते हैं। लोगों का मानना है, कि विवाह पंचमी के दिन विवाह करने से कहीं सीता की तरह ही उनकी बेटी का वैवाहिक जीवन भी दुखमयी न हो जाए। यही नहीं, विवाह पंचमी के दिन रामकथा का अंत राम और सीता के विवाह पर ही हो जाता है। दरअसल, दोनों के जीवन के आगे की कथा दुख और कष्ट से भरी है और इसका शुभ अंत करके ही कथा का समापन कर दिया जाता है। ----------:::×:::---------- "जय श्री राम" " कुमार रौनक कश्यप " *******************************************

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Ram Niwas Soni Dec 7, 2021

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pandey ji Dec 7, 2021

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Anjali Goyal Dec 7, 2021

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Ranjit chavda Dec 7, 2021

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